फीफा वर्ल्ड कप : चौथा दिन

गोलों की बारिश में जर्मनी, स्वीडन और आइवरी कोस्ट जीते, जापान ने नीदरलैंड्स को ड्रॉ पर रोका

15 जून : फीफा विश्व कप 2026 के चौथे दिन चार मैच में गोलों की बरसात देखने को मिली। जर्मनी ने कुराकाओ को 7-1 से रौंदा, जबकि स्वीडन ने ट्यूनीशिया को 5-1 से हराया। जापान ने दो बार पिछड़कर नीदरलैंड्स से 2-2 ड्रॉ खेला। वहीं अमाद डियालो के अंतिम मिनट के गोल से कोट डी आइवरी ने इक्वाडोर को 1-0 से मात दी।

  1. काई हैवर्ट्स का डबल धमाका,
    जर्मनी ने कुराकाओ को 7-1 से रौंदा

स्कोरर: फेलिक्स एनमेचा (6′), लिवानो कोमेनेन्सिया (21′), निको श्लोटरबेक (38′), काई हैवर्ट्स (45+5′ पेनल्टी, 88′), जमाल मुसियाला (47′), नाथानिएल ब्राउन (68′), डेनिज उंडाव (78′)।

ह्यूस्टन स्टेडियम में खेले गए ग्रुप-ई के मुकाबले में जर्मनी ने विश्व कप की नवोदित टीम कुरासाओ को 7-1 से हराकर अपने अभियान का शानदार आगाज किया। काई हैवर्ट्स के दो गोलों की बदौलत जर्मन टीम ने एकतरफा जीत दर्ज करते हुए अपने इरादे साफ कर दिए।
मैच के छठे मिनट में फेलिक्स एनमेचा ने फ्लोरियन विर्ट्स के साथ बेहतरीन तालमेल दिखाते हुए गोल कर जर्मनी को बढ़त दिलाई। हालांकि 21वें मिनट में लिवानो कोमेनेन्सिया ने गोल दागकर कुरासाओ को बराबरी दिला दी और स्टेडियम में मौजूद उनके समर्थकों को जश्न मनाने का मौका दिया।


इसके बाद जर्मनी ने अपनी ताकत दिखाई। 38वें मिनट में निको श्लोटरबेक ने कॉर्नर पर शानदार हेडर लगाकर टीम को फिर बढ़त दिलाई। पहले हाफ के अतिरिक्त समय में काई हैवर्ट्स ने पेनल्टी को गोल में बदलकर स्कोर 3-1 कर दिया।
दूसरे हाफ की शुरुआत में ही जमाल मुसियाला ने जोशुआ किमिख के सटीक पास पर गोल दागकर जर्मनी की पकड़ और मजबूत कर दी। इसके बाद विश्व कप पदार्पण कर रहे नाथानिएल ब्राउन ने शानदार वॉली से अपना पहला विश्व कप गोल किया। स्थानापन्न खिलाड़ी डेनिज उंडाव ने छठा गोल जोड़ा, जबकि हैवर्ट्स ने 88वें मिनट में अपना दूसरा और टीम का सातवां गोल कर जीत पर मुहर लगा दी।
इस जीत के साथ जर्मनी ग्रुप-ई में शीर्ष पर पहुंच गया, जबकि कुरासाओ को अब अगले मुकाबले में इक्वाडोर के खिलाफ वापसी की उम्मीद होगी।

मुख्य बातें

  • काई हैवर्ट्स ने दो गोल दागकर जर्मनी की 7-1 की जीत में अहम भूमिका निभाई।
  • फीफा विश्व कप में पदार्पण कर रही कुरासाओ को जर्मनी ने करारी शिकस्त दी।
  • नाथानिएल ब्राउन ने अपने पहले विश्व कप मैच में गोल किया।
  • 40 वर्षीय मैनुअल नोयर जर्मनी के लिए बड़े टूर्नामेंट में खेलने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी बने।
  • जर्मनी ने ग्रुप-ई में शीर्ष स्थान हासिल किया।

किसने क्या कहा:

जूलियन नागेल्समान (जर्मनी के कोच): ”हम सात गोल करने और अधिकांश समय शानदार प्रदर्शन से बेहद संतुष्ट हैं। विश्व कप में जीत के साथ शुरुआत करना हमेशा महत्वपूर्ण होता है और हमें खुशी है कि हम ऐसा करने में सफल रहे।”
काई हैवर्ट्स (प्लेयर ऑफ द मैच): ”पहला विश्व कप मैच हमेशा कठिन होता है। 7-1 की जीत हमें आगे के मुकाबलों के लिए काफी आत्मविश्वास देगी। यह हमारे लिए शानदार शुरुआत है।”
मैनुअल नोयर (जर्मनी के गोलकीपर): ”मैं अपने पांचवें विश्व कप में भी उतना ही उत्साहित हूं, जितना पहले विश्व कप में था। अच्छी शुरुआत करना जरूरी था और हम इससे संतुष्ट हैं।”
नाथानिएल ब्राउन (जर्मनी के डिफेंडर): ”अपने पहले विश्व कप मैच में गोल करना अविश्वसनीय एहसास है। सात गोल करना शानदार रहा, लेकिन हमें अपनी कमजोरियों पर भी काम करते रहना होगा।”
लिवानो कोमेनेन्सिया (कुरासाओ के गोलस्कोरर): ”जब मैं पांच-छह साल का था, तभी से विश्व कप में खेलने का सपना देखता था। आज वह सपना सच हो गया, यह बेहद खूबसूरत एहसास है।”

  1. अंतिम मिनट में दाइची कामादा बने जापान के संकटमोचक, नीदरलैंड्स से 2-2 की रोमांचक बराबरी

स्कोरर: नीदरलैंड्स: विर्जिल वान डाइक (50वां मिनट), क्रिसेन्सियो समरविल (64वां मिनट) जापान: केइतो नाकामुरा (57वां मिनट), दाइची कामादा (89वां मिनट)।

डलास स्टेडियम में खेले गए ग्रुप-एफ के मुकाबले में जापान ने शानदार जुझारूपन दिखाते हुए नीदरलैंड्स के खिलाफ 2-2 से ड्रॉ खेला। मैच के अंतिम क्षणों में दाइची कामादा के गोल ने जापान को महत्वपूर्ण एक अंक दिलाया और नीदरलैंड्स की जीत की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।


पहले हाफ में दोनों टीमों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला, लेकिन गोल नहीं हो सका। दूसरे हाफ की शुरुआत में नीदरलैंड्स ने बढ़त बनाई जब विर्जिल वान डाइक ने रियान ग्रावेनबेर्ख के क्रॉस पर शानदार हेडर लगाकर टीम को 1-0 से आगे कर दिया।
हालांकि जापान ने हार नहीं मानी और 57वें मिनट में केइतो नाकामुरा ने बेहतरीन निचला शॉट लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया। इसके बाद क्रिसेन्सियो समरविल ने 64वें मिनट में शानदार कर्लिंग शॉट से नीदरलैंड्स को फिर बढ़त दिला दी।
जब ऐसा लग रहा था कि नीदरलैंड्स तीन अंक हासिल कर लेगा, तभी 89वें मिनट में जापान को कॉर्नर मिला। कोकी ओगावा के हेडर को दाइची कामादा ने दिशा देते हुए गेंद को गोल में पहुंचा दिया और मुकाबला 2-2 से बराबर कर दिया।
जापान के गोलकीपर ज़ायोन सुज़ुकी ने भी कई महत्वपूर्ण बचाव किए, जबकि आयासे उएदा और नाकामुरा ने लगातार आक्रमण कर डच रक्षा पंक्ति को परेशान किया। मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार नीदरलैंड्स के कप्तान विर्जिल वान डाइक को मिला।

मुख्य बातें
जापान ने दो बार पिछड़ने के बाद शानदार वापसी करते हुए मुकाबला 2-2 से ड्रॉ कराया।
दाइची कामादा ने 89वें मिनट में बराबरी का निर्णायक गोल किया।
विर्जिल वान डाइक और क्रिसेन्सियो समरविल ने नीदरलैंड्स के लिए गोल दागे।
केइतो नाकामुरा ने जापान की वापसी की नींव रखी।
ग्रुप-एफ में जापान और नीदरलैंड्स दोनों ने एक-एक अंक हासिल किया।
विर्जिल वान डाइक को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
विश्व कप इतिहास में पहली बार नीदरलैंड्स ने अपनी शुरुआती एकादश में घरेलू लीग का कोई खिलाड़ी नहीं उतारा।

किसने क्या कहा :

हाजिमे मोरियासु (जापान के मुख्य कोच): ”मैं जीत न मिलने से निराश हूं, लेकिन दो बार पिछड़ने के बावजूद खिलाड़ियों ने हार नहीं मानी। हमने धैर्य के साथ बचाव किया और सही समय पर आक्रमण किया। खिलाड़ियों ने हमारी पूरी योजना को बेहतरीन ढंग से लागू किया।”
दाइची कामादा (जापान मिडफील्डर): ”हम मैच से पहले ही कह रहे थे कि कम से कम एक अंक लेकर जाना है। नीदरलैंड्स जैसी मजबूत टीम के खिलाफ वापसी कर ड्रॉ हासिल करना इस टीम के चरित्र को दिखाता है। अब हमारा लक्ष्य अगला मैच जीतकर नॉकआउट में जगह पक्की करना है।”
विर्जिल वान डाइक (नीदरलैंड्स कप्तान): ”हमने अच्छी रक्षा की, लेकिन सेट-पीस पर गोल खाना बेहद निराशाजनक है। देर से गोल खाने के कारण यह एक अंक अच्छा महसूस नहीं करा रहा, लेकिन अब हमारा पूरा ध्यान स्वीडन के खिलाफ अगले मुकाबले पर है।”
युकिनारी सुगावारा (जापान डिफेंडर): ”हमने पहले ही तय कर लिया था कि चाहे हम पीछे हों, आगे हों या बराबरी पर, अपनी रणनीति नहीं बदलेंगे। खिलाड़ियों ने बिना घबराहट के उसी योजना पर अमल किया। आगे हमें आक्रमण में और अधिक रचनात्मकता दिखानी होगी।”

  1. अमाद के आखिरी मिनट के गोल से कोट डी आइवर की रोमांचक जीत

स्कोरर: कोट डी आइवर: अमाद डियालो (90′)।

ग्रुप-ई के मुकाबले में कोट डी आइवर ने इक्वाडोर को 1-0 से हराकर शानदार जीत दर्ज की। फिलाडेल्फिया स्टेडियम में खेले गए इस बेहद रोमांचक मुकाबले में दोनों टीमों ने कई मौके बनाए, लेकिन निर्णायक क्षण मैच के अंतिम मिनट में आया जब स्थानापन्न खिलाड़ी अमाद डियालो ने बेहतरीन फिनिश के साथ गेंद को निचले कोने में पहुंचाकर अपनी टीम को जीत दिला दी।
पहले हाफ में इक्वाडोर अधिक खतरनाक दिखा। जॉन येबोआ और एलन मिंडा दोनों के प्रयास क्रॉसबार से टकराए, जबकि कोट डी आइवर की ओर से यान डियोमांदे और बाज़ूमाना टौरे ने लगातार दबाव बनाया। दूसरे हाफ में भी मुकाबला खुला रहा। एनर वेलेंसिया का शॉट पोस्ट से टकराया तो एली वाही का प्रयास भी बार से जा लगा।
जैसे-जैसे मैच आगे बढ़ा, कोट डी आइवर ने गेंद पर नियंत्रण बढ़ाया और इक्वाडोर को रक्षात्मक खेल के लिए मजबूर कर दिया। लगातार आक्रमण का इनाम उन्हें 90वें मिनट में मिला, जब मैनचेस्टर यूनाइटेड के विंगर अमाद डियालो ने शानदार गोल दागकर टीम को जीत दिला दी। इस जीत के साथ कोट डी आइवर ग्रुप-ई में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया।

मुख्य बातें
अमाद डियालो ने 90वें मिनट में विजयी गोल दागा।
कोट डी आइवर ने इक्वाडोर को 1-0 से हराया।
मैच में कुल चार बार गेंद गोलपोस्ट या क्रॉसबार से टकराई।
19 वर्षीय यान डियोमांदे विश्व कप में कोट डी आइवर के लिए खेलने वाले पहले किशोर खिलाड़ी बने।
यान डियोमांदे को ‘सुपीरियर प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया।
जीत के साथ कोट डी आइवर ग्रुप-ई में जर्मनी के बाद दूसरे स्थान पर पहुंच गया।

किसने क्या कहा :

अमाद डियालो (विजयी गोलकर्ता): ”हमें इस जीत की जरूरत थी। हम इतिहास बनाने आए हैं। अभी दो मुकाबले बाकी हैं और हमें इसी मानसिकता के साथ आगे बढ़ना होगा। इक्वाडोर मजबूत टीम थी, लेकिन हमने धैर्य बनाए रखा और अंत तक फोकस नहीं खोया।”
यान डियोमांदे (प्लेयर ऑफ द मैच): ”अपने देश का प्रतिनिधित्व करना गर्व की बात है। हम अपने परिवार, दोस्तों और करोड़ों समर्थकों के लिए खेलते हैं। हमारा लक्ष्य हर मैच जीतना और इतिहास में अपनी पहचान बनाना है।”
सेबास्टियन बेक्काचेचे (इक्वाडोर कोच): ”दूसरे हाफ में हमने बेहतर खेल दिखाया और कम से कम ड्रॉ के हकदार थे। परिणाम निराशाजनक है, लेकिन यह सिर्फ शुरुआत है और हमें आगे लगातार मेहनत करनी होगी।”

  1. स्वीडन ने ट्यूनीशिया को 5-1 से रौंदा,
    इसाक और ग्योकेरेस चमके

स्कोरर: स्वीडन: यासिन अयारी (7′, 90+6′), अलेक्जेंडर इसाक (30′), विक्टर ग्योकेरेस (59′), माटियास स्वानबेर्ग (84′) ट्यूनीशिया: ओमर रेकीक (43′)।

ग्रुप एफ के मुकाबले में स्वीडन ने ट्यूनीशिया को 5-1 से हराकर शानदार शुरुआत की। मॉन्टेरे में खेले गए मैच में यासिन अयारी ने सातवें मिनट में शानदार गोल कर स्वीडन को बढ़त दिलाई। इसके बाद अलेक्जेंडर इसाक ने 30वें मिनट में स्कोर 2-0 कर दिया। हालांकि ट्यूनीशिया ने 43वें मिनट में ओमर रेकीक के जरिए एक गोल लौटाकर मुकाबले में वापसी की उम्मीद जगाई।
दूसरे हाफ में स्वीडन पूरी तरह हावी रहा। अलेक्जेंडर इसाक के दबाव में ट्यूनीशिया की गलती का फायदा उठाते हुए विक्टर ग्योकेरेस ने 59वें मिनट में गोल दागा। फिर स्थानापन्न खिलाड़ी माटियास स्वानबेर्ग ने 84वें मिनट में चौथा गोल किया। अतिरिक्त समय में अयारी ने अपना दूसरा गोल कर स्वीडन की 5-1 की धमाकेदार जीत पर मुहर लगा दी।
इस जीत के साथ स्वीडन ग्रुप एफ में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया और जापान व नीदरलैंड्स पर दो अंकों की बढ़त बना ली।

मुख्य बातें
स्वीडन ने विश्व कप 2026 में जीत के साथ अभियान की शुरुआत की।
यासिन अयारी ने दो गोल कर मैच के नायक बनने में अहम भूमिका निभाई।
अलेक्जेंडर इसाक ने एक गोल और शानदार खेल से टीम को मजबूती दी।
विक्टर ग्योकेरेस ने एक गोल और एक असिस्ट दर्ज किया।
स्वीडन की जीत से वह ग्रुप एफ में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया।
अलेक्जेंडर इसाक को मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया।

किसने क्या कहा :

विक्टर लिंडेलोफ (स्वीडन डिफेंडर): ”आज तीन अंक हासिल कर हम बेहद खुश हैं। बड़े विश्व कप में इस तरह की शुरुआत शानदार होती है। मुझे लगता है कि हमने गेंद के साथ और बिना गेंद के भी मैच को बेहतरीन तरीके से नियंत्रित किया। टीम के प्रदर्शन से मैं बहुत संतुष्ट हूं।”

reported by- Md Isha Uddin

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