बेल्जियम, फ्रांस और स्पेन बने ग्रुप विजेता, काबो वर्डे ने रचा इतिहास, उरुग्वे टूर्नामेंट से बाहर
27 जून : फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप चरण का एक और रोमांचक दिन कई बड़े उलटफेर, दमदार प्रदर्शन और ऐतिहासिक उपलब्धियों का गवाह बना। बेल्जियम, फ्रांस और स्पेन ने अपने-अपने समूहों में शीर्ष स्थान हासिल करते हुए नॉकआउट चरण में शानदार अंदाज में प्रवेश किया। वहीं अफ्रीकी देश काबो वर्डे ने पहली बार विश्व कप के नॉकआउट दौर में जगह बनाकर इतिहास रच दिया। सेनेगल ने भी सर्वश्रेष्ठ तीसरे स्थान वाली टीमों में शामिल होकर अंतिम-16 का टिकट हासिल कर लिया।
बेल्जियम और स्पेन ने भी अपने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए शीर्ष स्थान पर रहते हुए अगले दौर में प्रवेश किया। वहीं विश्व फुटबॉल की दो बार की चैंपियन उरुग्वे के लिए यह दिन बेहद निराशाजनक रहा। टीम ग्रुप चरण से ही बाहर हो गई। न्यूजीलैंड और सऊदी अरब भी नॉकआउट में जगह बनाने में असफल रहे। इस तरह ग्रुप चरण के अंतिम दौर ने कई नई कहानियां लिखीं और अब नॉकआउट मुकाबलों के लिए मंच पूरी तरह तैयार हो गया है।
विश्व कप का 61वां मैच :
डेम्बेले की हैट्रिक से फ्रांस ने नॉर्वे को 4-1 से हराया, ग्रुप में शीर्ष पर रहकर नॉकआउट में पहुंचा
स्कोरर :
नॉर्वे 1-4 फ्रांस
नॉर्वे: थेओ आसगार्ड (21वें मिनट)
फ्रांस: उस्मान डेम्बेले (7वें, 20वें, 32वें मिनट), देज़िरे डूए (90+4वें मिनट)
बोस्टन स्टेडियम में खेले गए फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप-आई के मुकाबले में फ्रांस ने नॉर्वे को 4-1 से हराकर लगातार तीसरी जीत दर्ज की और नौ अंकों के साथ ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल किया। मुकाबले के सबसे बड़े नायक उस्मान डेम्बेले रहे, जिन्होंने पहले हाफ में शानदार हैट्रिक लगाकर मैच का रुख पूरी तरह फ्रांस की ओर मोड़ दिया।
दोनों टीमें पहले ही नॉकआउट में जगह बना चुकी थीं, इसलिए इस मुकाबले में ग्रुप विजेता बनने की लड़ाई थी। नॉर्वे ने अपनी शुरुआती एकादश में दस बदलाव किए, जबकि स्टार स्ट्राइकर एरलिंग हालांड पूरे मैच में बेंच पर ही बैठे रहे। दूसरी ओर किलियन एमबाप्पे ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और पहले ही मिनट में उनका शॉट क्रॉसबार से टकरा गया।
सातवें मिनट में एमबाप्पे के सटीक पास पर डेम्बेले ने बाएं पैर से शानदार फिनिश करते हुए फ्रांस को बढ़त दिलाई। इसके बाद 20वें मिनट में उन्होंने बॉक्स के बाहर से बेहतरीन शॉट लगाकर दूसरा गोल दागा। केवल 32 मिनट के भीतर डेम्बेले ने अपना तीसरा गोल कर विश्व कप इतिहास की दूसरी सबसे तेज हैट्रिक पूरी कर ली।
हालांकि नॉर्वे ने भी जवाब देने की कोशिश की। 21वें मिनट में थेओ आसगार्ड ने शानदार मूव बनाते हुए गोल कर स्कोर 2-1 कर दिया। दूसरे हाफ की शुरुआत में नॉर्वे को पेनाल्टी भी मिली, लेकिन योर्गेन स्ट्रांड लार्सेन का कमजोर शॉट फ्रांस के गोलकीपर माइक मेन्यां ने आसानी से बचा लिया।
मैच के अंतिम क्षणों में देज़िरे डूए ने स्टॉपेज टाइम में गोल कर फ्रांस की 4-1 की शानदार जीत पर मुहर लगा दी। यह विश्व कप में उनका पहला गोल भी रहा।

इस जीत के साथ फ्रांस ने पहली बार 1998 के बाद विश्व कप के ग्रुप चरण के तीनों मुकाबले जीते हैं। अब फ्रांस राउंड ऑफ 32 में ग्रुप सी, डी, एफ, जी या एच की तीसरे स्थान की टीम से भिड़ेगा, जबकि नॉर्वे का सामना आइवरी कोस्ट से होगा।
मुख्य बातें :
फ्रांस ने नॉर्वे को 4-1 से हराकर ग्रुप-आई में शीर्ष स्थान हासिल किया।
उस्मान डेम्बेले ने पहले हाफ में 32 मिनट के भीतर हैट्रिक लगाई।
यह विश्व कप इतिहास की दूसरी सबसे तेज और 1994 के बाद पहले हाफ की पहली हैट्रिक रही।
फ्रांस ने पहली बार 1998 के बाद विश्व कप के ग्रुप चरण के तीनों मैच जीते।
नॉर्वे दूसरे हाफ में मिली पेनाल्टी का फायदा नहीं उठा सका।
देज़िरे डूए ने स्टॉपेज टाइम में विश्व कप का अपना पहला गोल किया।
उस्मान डेम्बेले को मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया।
किसने क्या कहा :
फ्रांस के सहायक कोच गाय स्तेफान:”हमने वही किया जिसकी जरूरत थी। टीम ने पूरे जोश और तीव्रता के साथ खेला, चार गोल किए और डेम्बेले ने शानदार हैट्रिक लगाई। यह जीत खुशी देने वाली है, लेकिन टूर्नामेंट आगे बढ़ने के साथ चुनौतियां भी कठिन होंगी। हमें अपनी कमियों को भी दूर करना होगा।”
नॉर्वे के कोच स्टाले सोलबक्केन:”डेम्बेले आज शानदार लय में थे और उन्हें रोकना हमारे लिए बेहद मुश्किल साबित हुआ। उनके दो गोल विश्वस्तरीय थे, जबकि तीसरा गोल भी हमें बेहतर बचाव से रोकना चाहिए था।”
विश्व कप का 62वां मैच :
सेनेगल ने इराक को 5-0 से रौंदा अंतिम 32 की उम्मीदें बरकरार
स्कोरर :
सेनेगल: हबीब दियारा (4′), इस्माइला सार (56′), पापे गेये (59′, 71′), इलिमान नियाये (82′)
टोरंटो में ग्रुप-आई के अपने अंतिम मुकाबले में सेनेगल ने इराक को 5-0 से हराकर अंतिम 32 में पहुंचने की उम्मीदें जीवित रखीं। पहली बार विश्व कप में आमने-सामने उतरी इन दोनों टीमों के मुकाबले में सेनेगल ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और इराक को संभलने का कोई मौका नहीं दिया।
मैच के चौथे ही मिनट में कॉर्नर से आए गेंद पर अब्दुलाये सेक के हेडर के बाद हबीब दियारा ने अंतिम स्पर्श देकर सेनेगल को बढ़त दिला दी। शुरुआती झटके से उबरने की कोशिश कर रही इराक की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब सादियो माने को स्पष्ट गोल करने से रोकने के प्रयास में रेबिन सुलाका को वीएआर समीक्षा के बाद रेड कार्ड दिखाया गया। इसके बाद इराक पूरे मुकाबले में 10 खिलाड़ियों के साथ खेलती रही।
दूसरे हाफ में सेनेगल ने दबदबा पूरी तरह स्थापित कर लिया। 56वें मिनट में जिदान इकबाल की गलती का फायदा उठाते हुए लामिन कामारा ने गेंद इस्माइला सार को थमाई और उन्होंने टूर्नामेंट का अपना तीसरा गोल दाग दिया।
इसके केवल तीन मिनट बाद ही स्थानापन्न खिलाड़ी पापे गेये ने मैदान पर उतरते ही इराक की एक और रक्षात्मक चूक का फायदा उठाकर शानदार गोल कर स्कोर 3-0 कर दिया। 71वें मिनट में गेये ने अपना दूसरा और टीम का चौथा गोल भी शीर्ष कोने में जोरदार शॉट लगाकर किया।
सेनेगल का आक्रमण यहीं नहीं रुका। 82वें मिनट में इलिमान नियाये ने लगभग 20 गज की दूरी से शानदार प्रहार कर गेंद को जाल में पहुंचाया और टीम की 5-0 की शानदार जीत पर मुहर लगा दी।
इस जीत के साथ सेनेगल ने ग्रुप चरण का समापन तीन अंकों के साथ तीसरे स्थान पर किया। अब उसकी किस्मत अन्य समूहों के परिणामों पर निर्भर करेगी, क्योंकि वह सर्वश्रेष्ठ आठ तीसरे स्थान वाली टीमों में जगह बनाकर अंतिम 32 में प्रवेश करने की उम्मीद लगाए हुए है। दूसरी ओर इराक लगातार तीसरी हार के साथ बिना कोई अंक हासिल किए टूर्नामेंट से बाहर हो गया।
मैच में दो गोल दागने वाले पापे गेये को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
मुख्य बातें :
सेनेगल ने इराक को 5-0 से हराकर अंतिम 32 की उम्मीदें कायम रखीं।
हबीब दियारा ने चौथे मिनट में टीम को शुरुआती बढ़त दिलाई।
रेबिन सुलाका के रेड कार्ड के बाद इराक ने अधिकांश मुकाबला 10 खिलाड़ियों के साथ खेला।
पापे गेये ने स्थानापन्न के रूप में उतरकर दो शानदार गोल किए और प्लेयर ऑफ द मैच बने।
इस्माइला सार और इलिमान नियाये ने भी गोल कर जीत को यादगार बनाया।
सेनेगल अब अन्य समूहों के नतीजों का इंतजार करेगा ताकि सर्वश्रेष्ठ तीसरे स्थान वाली टीमों में जगह बना सके।
इराक ने लगातार तीसरी हार झेली और बिना अंक के विश्व कप अभियान समाप्त किया।

किसने क्या कहा :
पापे थियाव (सेनेगल के मुख्य कोच):”यह मुकाबला हमें हर हाल में जीतना था और हमने जीत लिया। हमने अधिक गोल करने की भी कोशिश की क्योंकि विश्व कप में हर गोल महत्वपूर्ण हो सकता है। अब हमारी किस्मत हमारे हाथ में नहीं है, लेकिन हमने अपना काम पूरी ईमानदारी से पूरा किया।”
इस्माइला सार (सेनेगल के फारवर्ड):”मैं टीम के लिए गोल करके बेहद खुश हूं। सबसे बड़ी बात यह है कि हमने जीत हासिल की। हम राष्ट्रीय टीम के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ देने के लिए यहां हैं और आज सभी खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया।”
ग्राहम अर्नोल्ड (इराक के मुख्य कोच):”शुरुआती रेड कार्ड के बाद मुकाबला बेहद कठिन हो गया। विश्व कप में ऐसी गलतियों की कीमत चुकानी पड़ती है। हमारे खिलाड़ियों ने इस स्तर पर खेलने से बहुत कुछ सीखा है और हमें उम्मीद है कि यह अनुभव भविष्य में उनके काम आएगा।”
विश्व कप का 63वां मैच :
ऐतिहासिक कारनामा: काबो वर्डे ने सऊदी अरब को रोका, अब अंतिम-32 में अर्जेंटीना से होगी टक्कर
स्कोरर :काबो वर्डे 0-0 सऊदी अरब
ह्यूस्टन स्टेडियम में खेले गए ग्रुप एच के मुकाबले में काबो वर्डे और सऊदी अरब के बीच गोलरहित (0-0) ड्रॉ रहा। हालांकि मैच में कोई गोल नहीं हुआ, लेकिन यह परिणाम काबो वर्डे के लिए किसी जीत से कम नहीं था। इस ड्रॉ के साथ अफ्रीकी द्वीपीय देश ने इतिहास रचते हुए पहली बार फीफा विश्व कप के अंतिम-32 चरण में जगह बना ली।
विश्व कप के इतिहास में तीसरे सबसे छोटे देश के रूप में हिस्सा लेने वाले काबो वर्डे ने ग्रुप चरण के अपने तीनों मुकाबले ड्रॉ खेले। उसने पहले यूरोपीय चैंपियन स्पेन को रोका, फिर उरुग्वे के खिलाफ 2-2 से बराबरी की और अब सऊदी अरब के खिलाफ गोलरहित मुकाबला खेलकर नॉकआउट का टिकट पक्का कर लिया। स्पेन की उरुग्वे पर जीत के कारण काबो वर्डे ग्रुप में दूसरे स्थान पर रहा, जबकि सऊदी अरब दो अंकों के साथ अंतिम स्थान पर रहा।
पहले हाफ में दोनों टीमों को साफ मौके कम मिले। काबो वर्डे के जमिरो मोंटेइरो सबसे करीब पहुंचे, लेकिन उनका निचला शॉट सऊदी गोलकीपर मोहम्मद अल-ओवैस ने शानदार बचाव करते हुए बाहर निकाल दिया।
दूसरे हाफ में भी काबो वर्डे अधिक आक्रामक दिखा। वैग्नर पीना के पास से मिले पास पर मोंटेइरो ने फिर प्रयास किया, लेकिन उनका शॉट कमजोर रहा। इसके बाद केविन पीना का शानदार कर्लिंग शॉट पोस्ट के बेहद करीब से बाहर निकल गया।
कुछ ही देर बाद नूनो दा कोस्टा ने तेज जवाबी हमला शुरू किया और लारोस डुआर्टे को बेहतरीन पास दिया, लेकिन एक बार फिर मोहम्मद अल-ओवैस ने शानदार बचाव करते हुए सऊदी अरब को पीछे होने से बचा लिया।
मैच के अंतिम क्षणों में गैरी रोड्रिग्स ने दाईं ओर से शानदार मूव बनाकर नूनो दा कोस्टा के लिए आसान मौका तैयार किया, लेकिन उनका शॉट खुले गोल के सामने से भी बाहर चला गया। हालांकि इन चूकों के बावजूद काबो वर्डे ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल कर ली।
अब मुख्य कोच बुबिस्ता की टीम 3 जुलाई को मियामी में मौजूदा विश्व चैंपियन अर्जेंटीना के खिलाफ अंतिम-32 का मुकाबला खेलेगी।
मुख्य बातें :
काबो वर्डे पहली बार फीफा विश्व कप के नॉकआउट चरण में पहुंचा।
टीम ने ग्रुप चरण के तीनों मुकाबले ड्रॉ खेलकर अंतिम-32 में जगह बनाई।
फ्रांस 1998 में चिली के बाद ऐसा करने वाली पहली टीम बनी।
स्पेन ग्रुप एच में शीर्ष पर रहा, जबकि काबो वर्डे दूसरे स्थान पर रहा।
सऊदी अरब दो अंकों के साथ ग्रुप में अंतिम स्थान पर रहा।
मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार डेरॉय डुआर्टे (काबो वर्डे) को मिला।
अंतिम-32 में काबो वर्डे का मुकाबला मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना से होगा।
किसने क्या कहा :
“हमने इतिहास रच दिया है। यह सिर्फ हमारी टीम नहीं, बल्कि पूरे काबो वर्डे के लिए गर्व का क्षण है। अब हमारा अगला लक्ष्य अर्जेंटीना के खिलाफ भी पूरी ताकत से लड़ना होगा।” — बुबिस्ता, मुख्य कोच, काबो वर्डे.
विश्व कप का 64वां मैच :
स्पेन ने उरुग्वे को हराकर ग्रुप एच में किया
शीर्ष स्थान पक्का, उरुग्वे विश्व कप से बाहर
स्कोरर :स्पेन : एलेक्स बेएना (42′)
जापोपान (मेक्सिको) में स्पेन ने ग्रुप एच के अपने अंतिम मुकाबले में उरुग्वे को 1-0 से हराकर ग्रुप में पहला स्थान हासिल कर लिया। एलेक्स बेएना के पहले हाफ के अंत में किए गए निर्णायक गोल की बदौलत स्पेन ने न सिर्फ जीत दर्ज की बल्कि उरुग्वे का टूर्नामेंट से सफर भी समाप्त कर दिया। अब स्पेन अंतिम-32 में 2 जुलाई को लॉस एंजिलिस में ग्रुप जे की उपविजेता टीम से भिड़ेगा।
मुकाबले की शुरुआत से ही स्पेन ने अपनी पारंपरिक गेंद पर नियंत्रण वाली शैली का प्रदर्शन किया और अधिकांश समय खेल पर कब्जा बनाए रखा। लगातार दबाव के बीच 42वें मिनट में मार्कोस योरेन्ते ने बाएं छोर से शानदार लो क्रॉस दिया, जिसे एलेक्स बेएना ने नियंत्रित कर गोल की ओर शॉट लगाया। उरुग्वे के अनुभवी गोलकीपर फर्नांडो मुस्लेरा गेंद को ठीक से नहीं रोक सके और गेंद उनके हाथों से फिसलकर जाल में चली गई।
मुस्लेरा की इसी गलती के कारण उन्हें मध्यांतर में बाहर कर सर्जियो रोचेत को मैदान पर उतारा गया। दूसरे हाफ में उरुग्वे ने बराबरी के लिए पूरा जोर लगाया, लेकिन स्पेन की सधी हुई पासिंग और मजबूत रक्षापंक्ति के सामने उसे कोई स्पष्ट मौका नहीं मिला।
मुकाबले के अंतिम क्षणों में फेरान तोरेस स्पेन की बढ़त दोगुनी करने के करीब पहुंचे, लेकिन उनका जोरदार शॉट क्रॉसबार से टकरा गया। वहीं इंजरी टाइम में उरुग्वे की मुश्किलें और बढ़ गईं, जब अगुस्तीन कानोब्बियो को पाउ कुबार्सी पर खतरनाक टैकल के लिए रेड कार्ड दिखाया गया।
इस जीत के साथ स्पेन सात अंकों के साथ ग्रुप एच में शीर्ष पर रहा, जबकि उरुग्वे केवल दो अंक जुटाकर प्रतियोगिता से बाहर हो गया। यह फीफा विश्व कप में उरुग्वे के खिलाफ स्पेन की पहली जीत भी रही। इससे पहले दोनों टीमों के बीच खेले गए दोनों मुकाबले ड्रॉ रहे थे।

मुख्य बातें :
स्पेन ने उरुग्वे को 1-0 से हराकर ग्रुप एच में पहला स्थान हासिल किया।
एलेक्स बेएना ने 42वें मिनट में मैच का एकमात्र गोल किया।
उरुग्वे दो अंकों के साथ ग्रुप चरण से बाहर हो गया।
गोलकीपर फर्नांडो मुस्लेरा की गलती स्पेन के विजयी गोल का कारण बनी।
मध्यांतर में मुस्लेरा की जगह सर्जियो रोचेत को उतारा गया।
इंजरी टाइम में अगुस्तीन कानोब्बियो को रेड कार्ड मिला।
फेरान तोरेस का शॉट अंतिम मिनटों में क्रॉसबार से टकराया।
स्पेन अब अंतिम-32 में ग्रुप जे की उपविजेता टीम से भिड़ेगा।
फीफा विश्व कप में उरुग्वे पर स्पेन की यह पहली जीत रही।
किसने क्या कहा :
मार्सेलो बिएल्सा (उरुग्वे के मुख्य कोच):”मैं उरुग्वे के खिलाड़ियों की पूरी क्षमता का उपयोग नहीं कर पाया। फेडेरिको वाल्वरदे को बदलकर मैंने आक्रमण में अधिक मजबूती लाने की कोशिश की।”
एलेक्स बेएना (स्पेन के खिलाड़ी):”हमें पता था कि मुकाबला बेहद कठिन होगा। वे अपने अस्तित्व के लिए खेल रहे थे और हम ग्रुप में पहला स्थान पाने के लिए। यह मेरे करियर के सबसे महत्वपूर्ण गोलों में से एक है।”
लुइस दे ला फुएंते (स्पेन के मुख्य कोच):”मैं इस टीम पर बेहद गर्व महसूस करता हूं। खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया है और इसी मेहनत का नतीजा है कि हम ग्रुप में शीर्ष पर हैं। हमारी टीम बहुत कम गोल खाती है और हर मैच के साथ और बेहतर होती जा रही है।”
विश्व कप का 65वां मैच :
अजेय मिस्र पहली बार नॉकआउट में, ईरान
की किस्मत अब दूसरे नतीजों पर निर्भर
स्कोरर:
मिस्र: महमूद साबेर (5′)
ईरान: रामिन रज़ाइयान (14′)
सिएटल स्टेडियम में खेले गए ग्रुप-जी के मुकाबले में मिस्र और ईरान के बीच 1-1 की रोमांचक बराबरी हुई। इस परिणाम के साथ मिस्र ने अपने इतिहास में पहली बार विश्व कप के नॉकआउट चरण में जगह बना ली, जबकि ईरान की उम्मीदें अब अन्य ग्रुपों के नतीजों पर टिकी हैं।
मिस्र ने मुकाबले की शानदार शुरुआत की। पांचवें मिनट में मोहम्मद सलाह के डिफ्लेक्टेड शॉट को ईरानी गोलकीपर अलीरेज़ा बेइरानवंद पूरी तरह नहीं रोक सके और महमूद साबेर ने रिबाउंड पर आसान गोल कर टीम को बढ़त दिला दी।
ईरान को नौवें मिनट में बराबरी का सुनहरा मौका मिला, जब मेहदी तारेमी को पेनाल्टी मिली। हालांकि मिस्र के गोलकीपर मोस्तफा शोबीर ने बेहतरीन बचाव करते हुए पेनाल्टी रोक दी। इसके बावजूद ईरान ने दबाव बनाए रखा और 14वें मिनट में मिलाद मोहम्मदी के शॉट पर शोबीर ने शानदार बचाव किया, लेकिन रिबाउंड पर सबसे तेज प्रतिक्रिया दिखाते हुए रामिन रज़ाइयान ने बेहद कठिन कोण से गेंद को गोल में पहुंचाकर स्कोर 1-1 कर दिया।
पहले हाफ के अंत में ईरान बढ़त लेने के करीब पहुंच गया था, लेकिन शोजा खलीलज़ादेह का हेडर गोल से बाहर चला गया। दूसरे हाफ में मिस्र ने गेंद पर ज्यादा नियंत्रण रखा और दूसरे ग्रुप मुकाबले में बेल्जियम की बढ़त पर भी उसकी नजर रही, क्योंकि उसी से ग्रुप में उसकी अंतिम स्थिति तय होनी थी।
इंजुरी टाइम में ईरान ने जीत का गोल भी कर दिया था, लेकिन वीएआर समीक्षा के बाद शोजा खलीलज़ादेह का गोल ऑफसाइड करार दिया गया। इसके बाद मोस्तफा शोबीर ने सईद एज़ातोल्लाही के प्रयास को भी रोककर मिस्र को हार से बचा लिया।
इस ड्रॉ के साथ मिस्र ग्रुप-जी में पांच अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहा और अब राउंड ऑफ 32 में ऑस्ट्रेलिया से भिड़ेगा। वहीं ईरान तीन मैचों में लगातार तीन ड्रॉ के साथ तीसरे स्थान पर रहा और अब उसे सर्वश्रेष्ठ तीसरे स्थान वाली टीमों में जगह बनाने के लिए ग्रुप-जे, के और एल के परिणामों का इंतजार करना होगा।
मुख्य बातें :
मिस्र ने इतिहास में पहली बार फीफा विश्व कप के नॉकआउट चरण में प्रवेश किया।
महमूद साबेर ने पांचवें मिनट में मिस्र को शुरुआती बढ़त दिलाई।
मोस्तफा शोबीर ने मेहदी तारेमी की पेनाल्टी बचाकर मैच का रुख बदल दिया।
रामिन रज़ाइयान ने 14वें मिनट में बराबरी का गोल किया और उन्हें मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया।
इंजुरी टाइम में ईरान का संभावित विजयी गोल वीएआर ने ऑफसाइड करार दिया।
मिस्र अब राउंड ऑफ 32 में ऑस्ट्रेलिया से भिड़ेगा।
ईरान की नॉकआउट में पहुंचने की उम्मीदें अब अन्य ग्रुपों के नतीजों पर निर्भर हैं।
किसने क्या कहा :
रामिन रज़ाइयान (मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी):”हमने जीत के लिए पूरा प्रयास किया। अब हमारी नजर बाकी मुकाबलों के नतीजों पर रहेगी और हमें उम्मीद है कि हम नॉकआउट में जगह बना पाएंगे।”
विश्व कप का 66वां मैच :
बेल्जियम ने न्यूजीलैंड को 5-1 से रौंदा, ग्रुप जी
में शीर्ष पर रहकर अंतिम-32 में बनाई जगह
स्कोरर:
न्यूजीलैंड: एलिजाह जस्ट (84′)
बेल्जियम: लिएंड्रो ट्रॉसार्ड (28′, 50′), केविन डी ब्रुयने (66′), रोमेलू लुकाकू (86′), एलेक्सिस सालेमाकर्स (90+4′)

वैंकूवर में बेल्जियम ने फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप जी के अपने अंतिम मुकाबले में न्यूजीलैंड को 5-1 से हराकर शानदार अंदाज में ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल कर लिया। इस जीत के साथ बेल्जियम ने अंतिम-32 में प्रवेश किया, जबकि न्यूजीलैंड का विश्व कप अभियान यहीं समाप्त हो गया।
बीसी प्लेस स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में बेल्जियम ने शुरुआत से ही दबदबा बनाए रखा। 28वें मिनट में लिएंड्रो ट्रॉसार्ड ने कॉर्नर से मिले मौके का फायदा उठाते हुए नजदीक से गोल कर टीम को बढ़त दिलाई।
दूसरे हाफ की शुरुआत के पांच मिनट बाद ट्रॉसार्ड ने अपना दूसरा गोल दागकर बढ़त दोगुनी कर दी। उनका पहला प्रयास रोका गया था, लेकिन उन्होंने रिबाउंड पर शानदार फिनिश किया।
66वें मिनट में कप्तान केविन डी ब्रुयने ने बॉक्स के बाहर से सटीक नीचा शॉट लगाकर स्कोर 3-0 कर दिया। इस गोल के साथ 34 वर्ष और 363 दिन की उम्र में वह विश्व कप में बेल्जियम के लिए गोल करने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी बन गए।
84वें मिनट में एलिजाह जस्ट ने शानदार स्ट्राइक के जरिए न्यूजीलैंड के लिए सांत्वना गोल किया, लेकिन दो मिनट बाद ही स्थानापन्न रोमेलू लुकाकू ने हेडर से बेल्जियम की चौथी सफलता दिलाकर मुकाबला पूरी तरह खत्म कर दिया। इंजरी टाइम के चौथे मिनट में एलेक्सिस सालेमाकर्स ने पांचवां गोल कर जीत को और यादगार बना दिया।
इस नतीजे के साथ बेल्जियम पांच अंकों के साथ गोल अंतर के आधार पर ग्रुप जी में शीर्ष पर रहा। अब उसकी भिड़ंत एक जुलाई को सिएटल में ग्रुप ए, ई, एच, आई या जे की तीसरे स्थान की टीम से अंतिम-32 में होगी।
मुख्य बातें :
बेल्जियम ने न्यूजीलैंड को 5-1 से हराकर ग्रुप जी में पहला स्थान हासिल किया।
लिएंड्रो ट्रॉसार्ड ने दो गोल कर जीत में अहम भूमिका निभाई।
केविन डी ब्रुयने विश्व कप में बेल्जियम के सबसे उम्रदराज गोल करने वाले खिलाड़ी बने।
रोमेलू लुकाकू ने अंतिम मिनटों में गोल कर टीम की शीर्ष स्थान पर पकड़ मजबूत की।
थिबाउ कूर्तुआ ने विश्व कप में बेल्जियम के लिए अपना 18वां मैच खेलकर एंजो शिफो का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया।
न्यूजीलैंड एक अंक के साथ ग्रुप चरण से बाहर हो गया।
मुकाबले के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार लिएंड्रो ट्रॉसार्ड को मिला।
किसने क्या कहा :
लिएंड्रो ट्रॉसार्ड (मुकाबले के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी):”हमने पूरे मैच में अपना खेल नियंत्रित रखा। टीम ने शानदार प्रदर्शन किया और ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल करना हमारे लिए बड़ी उपलब्धि है। अब हमारा पूरा ध्यान नॉकआउट चरण पर है।”
reported by – Md Isha Uddin
